नारी की शक्ति
सृष्टि का आधार है नारी, ममता की मूरत है प्यारी। हर मुश्किल को पार करे वो, कभी न हिम्मत हारती नारी। आसमान को छूने निकली, बदल रही है दुनिया सारी। उसके बिना अधूरा जीवन, वही तो है जग की फुलवारी। आज मनाएं उसका दिन हम, जिसने रोशन की ये क्यारी। नारी तुम श्रध्दा हो, शक्ति हो, तुमसे ही है रौशन ये दुनिया सारी।
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